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07 अक्टूबर 2008

सोयामील निर्यात बढ़कर 48 लाख टन तक पहुंचा

पिछले सितंबर को समाप्त हुए तेल वर्ष के दौरान भारत ने 48.87 लाख टन सोयाबीन खली का निर्यात किया जो कि पिछले साल 35.25 लाख टन था। इस तरह सोयाबीन खली के निर्यात में 38.64 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई है।उधर इंदौर सहित मध्य प्रदेश की प्रमुख मंडियों में सोयाबीन के दाम काफी गिर गए हैं। आवक के दबाव और खाद्य तेलों में वैश्विक मंदी की वजह से गिरावट का रुख बना हुआ है। इंदौर में सोयाबीन नीचे में 1620 रुपए प्रति क्विंटल बिका। वहीं टेक्स पेड सोयाबीन के दाम 1600 से 1700 के बीच रहे। सोयाबीन प्रोसेसर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सोपा) द्वारा जारी एक रिपोर्ट में कहा गया है कि भारतीय सोया खली का जिन देशों को निर्यात बढ़ा है उनमें मलेशिया, जापान, चीन, वियतनाम, थाइलैंड शामिल हैं। मलेशिया को 2007-08 के दौरान 12.22 लाख टन सोयबाीन खली का निर्यात किया गया जो कि गत वर्ष से 146 प्रतिशत ज्यादा है। वर्तमान वित्त वर्ष 2008-09 में अप्रैल से सितंबर 2008 के दौरान भारत ने 16.64 लाख टन सोयाबीन खली का निर्यात किया जो कि गत वर्ष की समान अवधि में 7.63 टन था ।इंदौर व एमपी की दूसरी मंडियों में सोयाबीन प्लांटों ने खरीदी भाव घटा दिए हैं। आज विभिन्न सोयाबीन प्लांटों ने सुबह 1750 रुपए के भाव खरीदी की, वहीं दोपहर बाद ही प्लाटों ने भाव 50 रुपए क्विंटल कम में खरीदी की। शाम को सोयाबीन प्लांट डिलीवरी के भाव 1680 से 1700 रुपए के रह गए। इससे पहले जब मंडियों में सोयाबीन आना शुरू हुआ था, तब सोयाबीन के भाव 2100 रुपए तक बिका था, जो पखवाड़े में घटकर 1600 से 1700 रुपए हो गया है। (Business Bhaskar)

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