नई दिल्ली। दक्षिण-पश्चिम मानसून की कमी का असर खरीफ फसलों की बुआई पर देखा जा रहा है। चालू खरीफ सीजन 2026 में फसलों की कुल बुआई 16.03 फीसदी पिछड़ कर 531.25 लाख हेक्टेयर में ही हुई है जबकि पिछले साल इस समय तक इनकी बुआई 632.69 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी।
भारतीय मौसम विभाग, आईएमडी के अनुसार 1 जून से 12 जुलाई के दौरान देश में सामान्य 266.9 मिमी बारिश के मुकाबले केवल 219.4 मिमी बारिश ही हुई है। अत: इस अवधि के दौरान सामान्य की तुलना में 18 फीसदी कम बारिश हुई है, जोकि खरीफ फसलों की बुआई के लिए चिंताजनक है।
कृषि मंत्रालय के अनुसार चालू खरीफ में 10 जुलाई तक कपास की बुआई घटकर 79.54 लाख हेक्टेयर में ही हुई है, जबकि पिछले साल की समान अवधि में इसकी बुआई 93.95 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी। अत: पिछले साल की तुलना में कपास की बुआई 14 फीसदी पीछे चल रही है।
धान की रोपाई चालू खरीफ में घटकर 114.69 लाख हेक्टेयर में ही हुई है, जबकि पिछले साल इस समय तक 125.53 लाख हेक्टेयर में रोपाई हो चुकी थी।
चालू खरीफ सीजन में दालों की बुआई घटकर 56.63 लाख हेक्टेयर में ही हुई है, जबकि पिछले साल इस समय तक इनकी बुआई 73.85 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी। चालू खरीफ में मूंग की बुआई 21.52 लाख हेक्टेयर में और उड़द की 9.34 लाख हेक्टेयर में ही हुई है जबकि पिछले साल इस समय तक मूंग की बुआई 24.08 लाख हेक्टेयर में और उड़द की 13.29 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी। अरहर की बुआई चालू खरीफ में 19.54 लाख हेक्टेयर में ही हुई है, जबकि पिछले साल इस समय तक 28.03 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी।
चालू खरीफ सीजन में तिलहनी फसलों की बुआई घटकर 117.83 लाख हेक्टेयर में ही हुई है जबकि पिछले साल इस समय तक इनकी बुआई 149.18 हजार हेक्टेयर में हो चुकी थी। मूंगफली की बुआई चालू खरीफ सीजन में घटकर 23.40 लाख हेक्टेयर में ही हुई है जबकि पिछले साल इस समय तक 35.45 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी। सोयाबीन की बुआई चालू खरीफ सीजन में घटकर 90.51 लाख हेक्टेयर में ही हुई है जबकि पिछले साल इस समय तक 107.72 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी। इस दौरान सनफ्लावर की 86 हजार हेक्टेयर में हो चुकी है, जोकि पिछले साल की समान अवधि के 53 हजार हेक्टेयर की तुलना में ज्यादा है।
शीशम सीड की बुआई चालू खरीफ में 2.79 लाख हेक्टेयर में ही हुई है, जबकि पिछले साल इस समय तक 5.17 लाख हेक्टेयर में बुआई हो चुकी थी। कैस्टर सीड की बुआई भी पिछले साल के 24 हजार हेक्टेयर की तुलना में चालू खरीफ में 14 हजार हेक्टेयर में ही हुई है।
मोटे अनाजों की बुवाई चालू खरीफ सीजन में घटकर केवल 98.69 लाख हेक्टेयर में ही हुई है जबकि पिछले साल की समान अवधि में इनकी बुआई 127.30 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी। इस दौरान मक्का की बुआई 55.97 लाख हेक्टेयर में ही हुई है, जोकि पिछले साल की समान अवधि के 69.56 लाख हेक्टेयर की तुलना में कम है। बाजरा की बुआई घटकर 33.76 लाख हेक्टेयर में, ज्वार की बुआई 6.88 लाख हेक्टेयर में तथा रागी की बुआई 93 हजार हेक्टेयर में ही हुई है। पिछले साल की समान अवधि में इनकी बुआई क्रमश: 45.98 लाख हेक्टेयर में, 9.01 लाख हेक्टेयर और 1.11 लाख हेक्टेयर में हो चुकी थी।
चालू खरीफ सीजन में गन्ने की बुआई 57.58 लाख हेक्टेयर में हो चुकी है, जबकि पिछले साल की समान अवधि के 56.72 लाख हेक्टेयर की तुलना में थोड़ी अधिक है।
जूट की बुआई चालू खरीफ सीजन में 6.28 लाख हेक्टेयर में हो चुकी है जोकि पिछले साल की समान अवधि के 6.16 लाख हेक्टेयर की तुलना में बढ़ी है।
