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22 दिसंबर 2017

पॉम तेल में गिरावट से घरेलू बाजार में खाद्य तेलों में मंदा

आर एस राणा
नई दिल्ली। आयातित पॉम तेल की कीमतों में मंदा आने से घरेलू बाजार में भी खाद्य तेलों की कीमतों में गिरावट आई है। केंद्र सरकार द्वारा आयातित खाद्य तेलों पर आयात शुल्क लगाने के बावजूद भी नवंबर में खाद्य तेलों का आयात ज्यादा हुआ था, जबकि घरेलू मंडियों में खरीफ तिलहनों की आवकों का भी दबाव है इसलिए घरेलू बाजार में इनकी कीमतों में और गिरावट आने का अनुमान है।
विश्व बाजार में खाद्य तेलों की कीमतों में मंदा बना हुआ है, मलेशिया में पॉम तेल की कीमतों में 2 फीसदी की गिरावट आ चुकी है। भारत द्वारा खाद्य तेलों पर आयात शुल्क बढ़ा देने से मलेशिया में पॉम तेल का भंडार पिछले दो साल के उपरी स्तर पर पहुंच गया है जिसका इसकी कीमतों पर पड़ा है।
सोयाबीन की कीमतों में भी विश्व बाजार में गिरावट बनी हुई है। ब्राजील में सोयाबीन की रिकार्ड पैदावार का अनुमान है जबकि अर्जेंटीना में भी मौसम सुधरने से इसकी पैदावार बढ़ने का अनुमान है। यही कारण है कि विश्व बाजार में सोयबीन के भाव पिछले 3 महीने के नीचले स्तर पर आ गए हैं।   ...........  आर एस राणा

डॉलर के मुकाबले रुपये में हल्की कमजोरी

आज डॉलर के मुकाबले रुपये में हल्की कमजोरी के साथ कारोबार हो रहा है।  ग्लोबल मार्केट में कच्चा तेल और सोना बेहद छोटे दायरे में कारोबार कर रहे हैं। इसमें ऊपरी स्तर से दबाव दिख रहा है।

21 दिसंबर 2017

चना पर 30 फीसदी आयात शुल्क लगा, शाम तक होगी अधिसूचना जारी

आर एस राणा
नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने चना के आयात पर 30 फीसदी आयात शुल्क लगा दिया है, तथा शाम तक इसकी अधिसूचना जारी हो जायेगी। सूत्रों के अनुसार पिछले सप्ताह भी आयात शुल्क बढ़ाने का लेकर सचिव की कमेटी की बैठक हुई थी, लेकिन महंगाई बढ़ने के कारण इस पर फैसला नहीं हो सका था।
चना की कीमतों में आयात शुल्क लगने की खबर से तेजी आई है, माना जा रहा है कि मौजूदा भाव में 100 से 150 रुपये की और तेजी आये, तो स्टॉक बेचना चाहिए, क्योंकि चालू सीजन में घरेलू बाजार में चना की बुवाई में भारी बढ़ोतरी हुई है, तथा अगले महीने दक्षिण भारत के राज्यों में नए चना की आवक चालू हो जायेगी। उधर आस्ट्रेलिया में चना का उत्पादन 10.50 लाख टन होने का अनुमान है जोकि पिछले साल की तुलना में कम है। भारत सरकार द्वारा आयातित चना पर 30 फीसदी शुल्क लगा देने से आस्ट्रेलिया में चना की कीमतों में गिरावट आने का अनुमान है। आस्ट्रेलियाई पुराने चना के भाव 20 दिसंबर को बंदरगाह पर 4,300 रुपये और नए चना के भाव 4,400 रुपये प्रति क्विंटल थे।   ...............  आर एस राणा

सोना दो हफ्ते के ऊपरी स्तर पर

सोना दो हफ्ते के ऊपरी स्तर पर है। इसमें 1265 डॉलर के ऊपर कारोबार हो रहा है। अमेरिका में टैक्स रिफॉर्म बिल पास होने के बाद डॉलर दो हफ्ते के निचले स्तर पर फिसल गया है। हालांकि गोल्डमैन सैक्स ने अगले साल सोने को 1200 डॉलर तक गिरने की आशंका जताई है। इस बीच एलएमई पर कॉपर दो महीने के ऊपरी स्तर पर चला गया है। आज डॉलर के मुकाबले रुपए में हल्की मजबूती आई है। कल की जोरदार तेजी के बाद कच्चा तेल दबाव में आ गया है। हालांकि दबाव के बावजूद ब्रेंट 64 डॉलर के ऊपर है। जबकि नायमैक्स क्रूड में 58 डॉलर के ऊपर कारोबार हो रहा है। अमेरिका में कच्चे तेल का भंडार 65 लाख बैरल गिर गया है। और ये पिछले 2साल के निचले स्तर पर आ गया है। ऐसे में कल कच्चे तेल में जोरदार तेजी आई थी। लेकिन अमेरिका में कच्चे तेल का उत्पादन साल 1970 के बाद सबसे ऊपरी स्तर पर चला गया है। ऐसे में ऊपरी स्तर से क्रूड में दबाव भी शुरु हो गया है।


20 दिसंबर 2017

चीनी वायदा के ट्रांजेक्शन चार्ज में भारी कटौती




स्टॉक लिमिट हटने के बाद कमोडिटी एक्सचेंज एनसीडीईएक्स ने चीनी वायदा के ट्रांजेक्शन चार्ज में भारी कटौती की है। एक्सचेंज ने इसे 4 रुपये से घटाकर 10 पैसे कर दिया है। यानि प्रति 1 लाख रुपये के सौदे पर दस पैसे ट्रांजेक्शन चार्ज लगेगा। दरअसल एक्सचेंज पर चीनी के सौदे होने बंद हो गए थे। स्टॉक लिमिट की वजह से कारोबारी चीनी में सौदे नहीं कर रहे थे। लेकिन केंद्र सरकार का स्टॉक लिमिट हटाने के फैसले के बाद एक्सचेंज को चीनी वायदा में कारोबार बढ़ने की उम्मीद है।   

डॉलर के मुकाबले रुपया रुपया 3 महीने के ऊपरी स्तर

डॉलर के मुकाबले रुपया रुपया 3 महीने के ऊपरी स्तर पर चला गया है। डॉलर की कीमत 64 रुपये के पास आ गई है। डॉलर में नरमी है, ऐसे में रुपये को सपोर्ट मिला है। इस साल के दौरान रुपये में करीब 6 फीसदी की मजबूती आ चुकी है। वहीं डॉलर में नरमी से ग्लोबल मार्केट में सोने में तेजी का रुख है। कॉमैक्स पर सोना 1260 डॉलर के ऊपर कारोबार कर रहा है। कच्चे तेल में भी बढ़त जारी है और ब्रेंट का दाम 64 डॉलर के पास है। चीन में उत्पादन घटने से लंदन मेटल एक्सचेंज पर एल्युमिनियम का दाम बढ़ गया है।

19 दिसंबर 2017

ओएमएसएस के तहत 10.46 लाख टन गेहूं की निविदा

आर एस राणा
नई दिल्ली। भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) ने खुले बाजार बिक्री योजना (ओएमएसएस) के तहत गेहूं बेचने के लिए 10.46 लाख टन की निविदा मांगी हैं, निविदा भरने का न्यूनतम भाव 1,790 रुपये प्रति क्विंटल है। उत्पादक राज्यों में गेहूं का भाव निविदा के भाव से कम होने के कारण फ्लोर मिलें उत्पादक मंडियों से ही गेहूं की खरीद कर रही है। अतः ओएमएसएस के तहत बिक्री न के बराबर हो पा रही है।
एफसीआई द्वारा जारी निविदा के अनुसार महाराष्ट्र में 3028 लाख टन और हरियाणा में 2.69 लाख अन तथा मध्य प्रदेश में 1.14 लाख टन गेहूं बेचने हेतु निविदा मांगी है। इसके अलावा पंजाब से 97,650 टन, पश्चिमी बंगाल के लिए 60 हजार, उड़ीसा के लिए 50 हजार टन, तमिलनाडु के लिए 21 हजार टन, राजस्थान के लिए 20 हजार टन, चंडीगढ़ के लिए 17,300 टन, दिल्ली के लिए 16,000 टन, उत्तर प्रदेश के लिए 15 हजार टन, केरल के लिए 14 हजार टन और आंध्रप्रदेश के लिए 6,500 टन गेहूं का आवंटन किया है। ..........  आर एस राणा