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03 जुलाई 2017

मॉनसून जम्मू कश्मीर तक फैल चुका है

मॉनसून जम्मू कश्मीर तक फैल चुका है। पिछले 24 घंटे में राजस्थान समेत बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में भारी बारिश हुई है और अगले 24 घंटे में पूर्वोत्तर के अलावा यूपी, बिहार, बंगाल, मध्य प्रदेश और गुजरात में भारी बारिश का अनुमान है।

डॉलर में आई रिकवरी से ग्लोबल मार्केट में सोने पर दबाव

9 महीने के निचले स्तर से डॉलर में आई रिकवरी से ग्लोबल मार्केट में सोने में दबाव बढ़ गया है और इसका दाम 1237 डॉलर के स्तर पर आ गया है, जो पिछले करीब 5 हफ्ते का निचला स्तर है। दुनिया के सबसे बड़े गोल्ड फंड एसपीडीआर गोल्ड की होल्डिंग में भी कमी आई है। हालांकि पिछले 6 महीने में सोने ने निवेशकों को करीब 8 फीसदी का रिटर्न दिया है। वहीं चांदी में मुश्किल से 4 फीसदी की बढ़त दर्ज हुई है। जून तिमाही में चांदी का दाम करीब 9 फीसदी गिर गया है। ऐसे में चांदी ने इस साल जनवरी से जून के दौरान कम रिटर्न दिया है। वहीं पिछले हफ्ते 5-7 फीसदी के उछाल के बाद कच्चे तेल में आज भी तेजी जारी है और ब्रेंट का दाम 49 डॉलर के काफी करीब आ गया है अमेरिका में पिछले 6 महीने में पहली बार ऑयल रिग की संख्या में गिरावट देखी गई है। ऐसे में क्रूड की कीमतों को सपोर्ट मिला है।

01 जुलाई 2017

2 जुलाई 2017 का मौसम पूर्वानुमान

मॉनसून की उत्तरी सीमा इस समय बाड़मेर, चित्तौड़गढ़, गुना, सतना, सीधी और पटना तक पहुँच गई है। जल्द ही यह आगे बढ़ सकता है।
उत्तर भारत में जल्द ही एक पश्चिमी विक्षोभ दस्तक दे सकता है। यह सिस्टम इस समय अफगानिस्तान और इससे सटे उत्तरी पाकिस्तान पर बनी हुई है।
राजस्थान के उत्तर और पूर्वी हिस्सों पर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र बना हुआ है।
गुजरात के कच्छ क्षेत्र पर एक निम्न दबाव बना हुआ है। इस सिस्टम से राजस्थान, दक्षिणी उत्तरी प्रदेश और बिहार होते हुए पूर्वी असम तक एक ट्रफ रेखा बनी हुई।
पश्चिमी तटों पर बनी ट्रफ भी सक्रिय है। बिहार और इससे सटे पूर्वी उत्तर प्रदेश पर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र बना हुआ है। इसके अलावा उत्तरी आंध्र प्रदेश और दक्षिणी तटीय ओड़ीशा पर भी एक चक्रवाती सिस्टम दिखाई दे रहा है।
पिछले 24 घंटों के दौरान पश्चिमी तटीय भागों, ओड़ीशा और आंध्र प्रदेश में भारी से अति भारी वर्षा रिकॉर्ड की गई है।
पूर्वोत्तर राज्यों में कई जगहों पर मध्यम जबकि कहीं-कहीं भारी वर्षा दर्ज की गई है।
दिल्ली-एनसीआर सहित उत्तर भारत के पर्वतीय और मैदानी राज्यों में अच्छी बारिश की गतिविधियां देखने को मिली हैं।
झारखंड और बिहार में बारिश की गतिविधियों में वृद्धि हुई है।
तमिलनाडु, कर्नाटक के कुछ भागों और मध्य महाराष्ट्र में बारिश की गतिविधियों में कमी दर्ज की गई है।
गुजरात, राजस्थान सहित उत्तर-पश्चिम भारत और मध्य भारत के राज्यों में तापमान में गिरावट हुई और यह सामान्य से नीचे रहा। वहीं बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश और पूर्वोत्तर भारत के कुछ भागों में तापमान सामान्य से अधिक बना रहा।
आगामी 24 घंटों का मौसमी पूर्वानुमान
अगले 24 घंटों के दौरान पूर्वोत्तर भारत के राज्यों, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में बारिश की तीव्रता व्यापक रूप में बढ़ सकती है। इन भागों में भीषण वर्षा होने की संभावना है।
बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल के शेष भागों में भी इस दौरान मध्यम से भारी वर्षा हो सकती है। इन भागों में कहीं-कहीं भीषण बिजली कड़कने और गिरने का खतरा बना हुआ है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी कुछ स्थानों पर भारी वर्षा हो सकती है।
ओड़ीशा, छत्तीसगढ़ और इससे सटे उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश में मध्यम वर्षा हो सकती है। आंध्र प्रदेश के शेष हिस्सों और इससे सटे तेलंगाना के भागों में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश के आसार हैं।
उत्तराखंड में मध्यम से भारी वर्षा जारी रहने का अनुमान है जिसके चलते राज्य के पर्वतीय हिस्सों में भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। दिल्ली सहित उत्तर भारत के शेष मैदानी और पर्वतीय राज्यों में बारिश की गतिविधियां कम हो जाएंगी हालांकि इन भागों में हल्की बारिश जारी रहने के आसार हैं।
पूर्वी राजस्थान में माध्यम जबकि पश्चिमी राजस्थान में हल्की वर्षा हो सकती है।
पूर्वी मध्य प्रदेश और गुजरात के अधिकांश हिस्सों में मध्यम बारिश होने का अनुमान है। कच्छ क्षेत्र में बारिश में कमी आने के आसार हैं।.......www.skymet.com

एग्री कमोडिटी में आगे की रणनीति कैसे बनाए

एग्री कमोडिटी दलहन, तिलहन, और मसालों के साथ ही गेहूं, मक्का, जौ, कपास, खल, बिनौला, ग्वार सीड, चीनी, और कपास आदि की कीमतों में कब आयेगी तेजी तथा आगे की रणनीति कैसे बनाये, भाव में कब आयेगी तेजी, किस भाव पर स्टॉक करने पर मिलेगा मुनाफा, क्या रहेगी सरकार की नीति, आयात-निर्यात की स्थिति के साथ ही विदेष में कैसी है पैदावार, इन सब की स्टीक जानकारी के लिए हमसे जुड़े............एग्री कमोडिटी की दैनिक रिपोर्ट के साथ ही मंडियों के ताजा भाव आपको ई-मेल से हिंदी में भेजे जायेंगे एग्री जिंसों के अलावा किराना में हल्दी, जीरा, धनिया, लालमिर्च, इलायची, कालीमिर्च आदि की जानकारी भी हिंदी में ई-मेल के माध्यम से दी जायेगी। हमें ई-मेल करे या फिर फोन पर संपक करें।
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आर एस राणा
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अरहर की बुवाई पिछड़ी, मूंग और उड़द की बढ़ी

आर एस राणा
नई दिल्ली। चालू खरीफ में जहां अरहर की बुवाई पिछड़ रही है, वहीं मूंग और उड़द की बुवाई में बढ़ोतरी हुई है। कृषि मंत्रालय के अनुसार चालू खरीफ में अरहर की बुवाई अभी तक केवल 5.69 लाख हैक्टेयर में ही हो पाई है, जबकि पिछले साल की समान अवधि में इसकी बुवाई 6.41 लाख हैक्टेयर में हो चुकी थी।
मूंग की बुवाई चालू खरीफ में बढ़कर 6.26 लाख हैक्टेयर में हो चुकी है जबकि पिछले साल की समान अवधि में मूंग की बुवाई केवल 3.32 लाख हैक्टेयर में ही हो पाई थी। मूंग की बुवाई राजस्थान में 3.67 लाख हैक्टेयर में तथा कर्नाटका में 1.58 लाख हैक्टेयर में हो चुकी है। उड़द की बुवाई चालू खरीफ में 2.92 लाख हैक्टेयर में हो चुकी है जबकि पिछले साल इस समय तक 1.71 लाख हैक्टेयर में ही उड़द की बुवाई हो पाई थी।
व्यापारियों के अनुसार महाराष्ट्र की अहमदनगर मंडी में नई उड़द की आवक चालू हो गई है, हालांकि अभी नए मालों की आवक सीमित मात्रा में हो रही है लेकिन माना जा रहा है कि मध्य जुलाई तक दैनिक आवक बढ़ेगी। मंडी में नई उड़द 5,400 से 5,600 रुपये प्रति क्विंटल बिकी है तथा क्वालिटी अच्छी बताई जा रही है।............... आर एस राणा

बासमती चावल के निर्यात में कमी, गैर-बासमती की निर्यात मांग बढ़ने का अनुमान

आर एस राणा
नई दिल्ली। चालू वित्त वर्ष 2017-18 के मई महीन में बासमती चावल का निर्यात घटकर 4,06,389 लाख टन का ही हुआ है जबकि पिछले वित्त वर्ष 2016-17 के मई महीने में 4,13,034 लाख टन बासमती चावल का निर्यात हुआ था।
एपिडा के अनुसार चालू वित्त वर्ष 2017-18 के पहले दो महीनों अप्रैल-मई में बासमती चावल का निर्यात बढ़कर 7,95,795 टन का हुआ है जबकि पिछले वित्त वर्ष 2016-17 की समान अवधि में बासमती चावल का कुल निर्यात 7,49,803 टन का ही हुआ था।
गैर बासमती चावल का निर्यात चालू वित्त वर्ष 2017-18 के पहले दो महीनों में घटकर 10,26,003 टन का हुआ है जबकि पिछले वित्त वर्ष 2016-17 की समान अवधि में इसका निर्यात 10,89,247 टन का निर्यात हुआ था। सूत्रों के अनुसार बंगलादेश और श्रीलंका की गैर-बासमती चावल में आयात मांग बढ़ने का अनुमान है। बंगलादेश ने जून महीने में 1.50 लाख टन सफेद चावल और पार-बाईल्ड चावल के आयात के लिए निविदा आंमत्रित की थी, तथा एक निविदा और अगले सप्ताह आने की उम्मीद है। सफेद चावल के भाव में जनवरी से अभी तक करीब 15 फीसदी की तेजी आई है। जनवरी में सफेद चावल के भाव 360 से 370 डॉलर प्रति टन (एफओबी) थे जोकि बढ़कर 420 से 430 डॉलर प्रति टन (एफओबी) हो गए हैं।
कृषि मंत्रालय के अनुसार चालू खरीफ सीजन में धान की रौपाई अभी तक केवल 38.93 लाख हैक्टेयर में ही हुई है जबकि पिछले खरीफ सीजन की समान अवधि में इसकी रौपाई 39.08 लाख हैक्टेयर में हुई थी। उत्पादक राज्यों में मानसूनी बारिश होने से चालू महीने में धान की रौपाई में और तेजी आयेगी। जानकारों के अनुसार चालू खरीफ में गैर बासमती के मुकाबले बासमती धान खासकर के पूसा 1,121 और पूसा 1,509 की रौपाई ज्यादा होने का अनुमान है जबकि इस समय बासमती चावल में निर्यात मांग सामान्य ही बनी हुई है इसलिए घरेलू बाजार में आगे बासमती चावल के साथ ही धान की मौजूदा कीमतों में और भी मंदा आने का अनुमान है।.....   आर एस राणा

ग्वार गम उत्पादों के निर्यात में भारी बढ़ोतरी

आर एस राणा
नई दिल्ली। चालू वित्त वर्ष 2017-18 के मई महीने में ग्वार गम उत्पादों के निर्यात में दौगुने से भी ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है। एपडिा के अनुसार मई महीनें में ग्वार गम उत्पादों का निर्यात बढ़कर 53,066 टन का हुआ है जबकि पिछले वित्त वर्ष 2016-17 के मई महीने में केवल 23,533 टन ग्वार गम उत्पादों का ही निर्यात हुआ था।
चालू वित्त वर्ष 2017-18 के पहले दो महीनों अप्रैल-मई में ग्वार गम उत्पादों का निर्यात बढ़कर 1,07,458 टन का हुआ है जबकि पिछले वित्त वर्ष 2016-17 के अप्रैल मई महीने में केवल 46,691 टन ग्वार गम उत्पादों का ही निर्यात हुआ था।
व्यापारियों के अनुसार ग्वार गम उत्पादों के निर्यात में चालू वित्त वर्ष के पहले दो महीनों में मांग अच्छी रही है लेकिन चालू खरीफ में प्रमुख उत्पादक राज्यों राजस्थान और हरियाणा में प्री-मानसून के साथ ही मानसूनी बारिश अच्छी होने का अनुमान है जिससे ग्वार सीड की बुवाई पिछले साल की तुलना में बढ़ने का अनुमान है इसलिए ग्वार गम और ग्वार सीड के भाव में बड़ी तेजी की संभावना नहीं है। शुक्रवार को जोधपुर मंडी में ग्वार गम के भाव 7,250 रुपये और ग्वार सीड के भाव 3,475 रुपये प्रति क्विंटल रहे।............   आर एस राणा