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05 मई 2026

विश्व बाजार में दाम कमजोर होने से चीनी का निर्यात 7.50 से 8 लाख टन होने का अनुमान

नई दिल्ली। विश्व बाजार में दाम कमजोर होने के कारण घरेलू बाजार से चालू विपणन सत्र 2025-26 (अक्टूबर–सितंबर) में केवल 7.5 से 8 लाख टन ही चीनी का निर्यात होने का अनुमान है।


हालांकि आईसीई शुगर वायदा चालू सप्ताह के अंत में उच्चतम स्तर से कुछ नरम हुआ है। निवेशकों की मुनाफावसूली से इसके दाम नरम हुए है क्योंकि बढ़ी हुई एनर्जी कीमतों से मिल रहा सपोट कम हो गया। बेंचमार्क जुलाई कॉन्ट्रैक्ट 14.61 सेंट प्रति lb पर सेटल हुआ, जो 0.16 सेंट नीचे था, जबकि यह तीन हफ्तों में अपने सबसे मजबूत लेवल 14.85 सेंट के इंट्राडे हाई को छू गया था।

यूएसडीए ने विपणन सीजन 2026-27 के आरंभ में भारत में 25 लाख टन सरप्लस चीनी का अनुमान लगाया था, जबकि मौजूदा उपलब्धता शुरू के आकलन से कम बैठेगी। भारत का उत्पादन 275.28 लाख टन शुरुआती अनुमानों से कम है। अत: चीनी मिलों के जल्दी बंद होने से इसकी बकाया उपलब्धता सीमित रहेगी, और घरेलू बाजार में चीनी की कीमतों को बकाया स्टॉक कम होने से सपोर्ट मिल रहा है।

केंद्रीय खाद्य एवं उपभोक्ता मामले मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार 2025-26 के लिए 15 लाख टन चीनी के निर्यात की अनुमति दी गई थी, जबकि इससे पहले 5 लाख टन का एक्स्ट्रा पूल खोला गया था, जिसमें से अब तक सिर्फ 87,587 टन को ही मंजूरी मिली है। जानकारों के अनुसार 3 मार्च तक, पहले ही देश से 5 लाख टन चीनी के निर्यात की शिपमेंट हो चुकी थी।

विश्व बाजार में कीमत नीचे होने के कारण अभी निर्यात के लिए पैरिटी नहीं बैठ रही है। ऐसे में चीनी मिलों द्वारा पूरे निर्यात कोटा का इस्तेमाल करने की संभावना नहीं हैं, भले ही सीजन की शुरुआत में इसके निर्यात सौदें अच्छे हुए थे।

भारत, दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा चीनी उत्पादक देश हैं, जहां चीनी मिलों के बीच बराबर बांटे गए कोटा के तहत निर्यात को सरकारी कंट्रोल में रखा जाता है।

चीनी की घरेलू मांग ने निर्यात उपलब्धता पर दबाव बढ़ा दिया है। देश में हाल के सालों में चीनी के उत्पादन में बढ़ोतरी रुक सी गई है, और जिस कारण उत्पादकता में मामूली रिकवरी के बावजूद निर्यात के लिए उपलब्धता कम हो गई है।

पहली अक्टूबर 2025 से शुरू हुए चालू पेराई सीजन (अक्टूबर-25 से सितंबर-26) में अप्रैल अंत तक देशभर के राज्यों में चीनी का उत्पादन फीसदी बढ़कर 275.28 लाख टन का हुआ है तथा चालू सीजन में कुल उत्पादन 282 लाख टन ही होने का अनुमान है। हालांकि फसल सीजन 2024-25 में देश में 261 लाख टन चीनी का उत्पादन हुआ था।

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